[email protected]
Join Us:
Home
Category
कहानियाँ
कविताएँ
ग़ज़ल
गीत
शायरी
आलेख
महत्वपूर्ण सूचनाएँ
Topic
धार्मिक
राजनितिक
प्यार-महोब्बत
हास्य-व्यंग
बाल-साहित्य
समाजिक
देश-प्रेम
दुःखद
साहित्य लाइव सूचनाएँ
अन्य
Videos
Others
Search Articles
Latest Updates
Popular Articles
Testimonials
Video Tutorials
Winner List
How to publish articles
My Account
Login
Register New Account
Forgot Password
Login
दिशा-लाइव ग्रुप ने लॉन्च किया नया ब्रांड BizPry - लोकल से ग्लोबल तक
20 मई स्पेशल -इंटरनेट पर कविता कहानी और लेख लिखकर पैसे कमाएं - आपके लिए सबसे बढ़िया मौका
साहित्य लाइव की वेबसाइट हुई और अधिक बेहतरीन और एडवांस
साहित्य लाइव पर किसी भी तकनीकी सहयोग या अन्य समस्याओं के लिए सम्पर्क करें
अन्य
Home
Sub-Categories
अन्य
जसू
"जसू" यह कहानी हैं हमारे घर की सबसे प्यारी सदस्य जसू की। वैसे मैं बता दूं जसू हमारी गाय की बछड़ी हैं। फरवरी माह में हमारी गाय ने एक बछड़
read more >>
दुःख
मन तड़प जाता है यह सोच करकी, जमाना किधर जा रहा है | गैरों की क्या बात करें अपने भी, नहीं पहचाने जा रहे है || दिल मे बेवसी, खामोशी चेहरे पर ब�
read more >>
ख़ुद में ख़ुदा का है द्वार
सुनो अशुभ- बात भाई सुनो अशुभ बात, ख़ुद को ना- जानना सुनो है अशुभ बात, कहते ज्ञान सार- जग में मिलेंगे संत सुजान.... ए-तू- भवपार ख़ुद में �
read more >>
घट भीतर बाजे अनहद तूर
बाजे अनहद तूर- रे साथी बाजे अनहद तूर, घटे भीतर बाजे- रे साथी बाजे अनहद तूर, सब जनें सुनो- बन जाओ ज्ञानी कहते संत सुजान... जानो तुम- यह �
read more >>
वो मां हैं मेरी ,
मेरी मासूम मुस्कान उनके चेहरे की नुर है मेरी खुशी उनकी कोहिनूर है, उन से उनका नूर कैसे चुरा लू ।।।।।। वो मां हैं मेरी उनके लिए �
read more >>
क्यों करता मानव गुमान रे
दिवाकर रोशनी तू ऊर्जा है, पवन तू हर सांस में जीवन है, तेरे बिना-ए-दुनिया-ए-जीवन कहां... फिर क्यों करता मानव गुमान रे... -मोती
read more >>
भूल भुलैया जगत एक सपना
मुसाफ़िर हूं यारों भटक रहा मैं, जीवन की राह में भटक रहा मैं, ओर ना ठौर कहीं माया का संसार है... भूल-भुलैया जगत-ए-सपना है... -मोती
read more >>
हृदय में तू अनहद तूर बजा दे
हनुमान हूं ना अर्जुन मैं कैसे, मिले तू हरि तो पहचानू कैसे, हे मेरे मालिक दिव्य ज्ञान तू दे दे... मेरे हृदय अनहद तूर बजा दे... -मोती
read more >>
राही तू पाए ना ठौर बिना सद्गुरु रे
राही तू पाए ना ठौर बिना सद्गुरु रे सत् का संगत ना होई बिना सद्गुरु रे महल अटारी दौलत सगे काम आवे ना कोई रे बिना सद्गुरु-ए-भवपार नाही को
read more >>
नज़रिया
नज़र दिया दुनिया ने देखा रंग अनेक। नज़र मेरे सतगुरु का सबमें रंग एक।। नज़र दिया दुनिया ने देखा देश-विदेश। नज़र मेरे सतगुरु का जग है �
read more >>
सद्गुरु की लीला
मेरे सद्गुरु ऐसे दुनिया चले जैसे, रूप धरा मानुष का दुनिया जाने कैसे, भक्तों ने जाना कैसे वो हनुमान ने जैसे... लीला कैसा कलयुग में जैसा �
read more >>
गुरु मेरा सोना-सोना
गुरु मेरा सोना-सोना, बात कहें वो खरा-सोना, सुन जन्म-मरण कट जायेगा... भवसागर तैर जायेगा... -मोती
read more >>
« Previous
Next »
Showing
373
to
384
of
2968
results
‹
1
2
...
29
30
31
32
33
34
35
...
247
248
›
Join Us:
© 2026 |
Sahity Live
®
| All Right Reserved.
A product of
DishaLive™ Group
| Digital Partner:
MyDL.in Website Builder