Raj Ashok 18 Jun 2023 गीत दुःखद दुनियाँ 28768 0 Hindi :: हिंदी
अपनी दुनियाँ मे, कोई ,कैसे ? गुम ,हो गया । खुला था ! आसमाँ , देखते-दखते .वो सितारों को सो गया। अपनी दुनियाँ........... जाने कैसे ? बदला वक्त ज़िन्दगी मे, ये आलम सारा बेजुबान हो गया। अब तो आता नहीं नजर, एक भी चेहरा अपनी दुनियाँ .......... मेहमाँ थी। मेरे मन की खुशी उडे पत्तों के जैसे , हर बात मे दिल रखने वाले, नजर आता नहीं, कोई ऊमीद का सेहरा अपनी दुनियाँ....