Vipin Bansal 30 Mar 2023 ग़ज़ल दुःखद #दूरियाँ 131650 0 Hindi :: हिंदी
दिल में प्यार दरमियाँ दूरियाँ रख दी !
पाक रिस्तो के बीच मजबूरियाँ रख दी !!
बात समझने के लिए कुछ, भी नहीं !
जिंदगी के तजुर्बो की खाईयाँ रख दी !!
सोचा उन्हें सुनाए गमे दिल का फसाना !
होठों पे मेरे उसने उंगलियां रख दी !!
पल में कह गए वो जिंदगी का फसाना !
हिस्से में हमारे उसने खामोशियां रख दी !!
इस कदर हुआ दिले बीमार का इलाज !
सर पर मेरे गिली पट्टियां रख दी !!
हमे दी कसम बातें दिलो मे हो दफन !
कब्रें सारी खोदकर खुद उसने रख दी !!
दिल में हुआ दर्द, कलम ने करी दवा !
गजल में दिले गम की सारी बात रख दी !!
विपिन बंसल