Arun Kumar 20 Jul 2023 ग़ज़ल दुःखद # गजल #Google 53018 0 Hindi :: हिंदी
तेरी बेवफाई के रंग अजीब है, बिछड़ने का गम चारों ओर है, आँखों में आंसू, दिल की गहराई में। वादे किये थे साथ जीने के, पर तेरे छोड़ने की बात से ख़फा हूँ। क्या कसूर किया था मैंने, जो तू मुझे छोड़ गया, मैं अब तन्हा हूँ। मेरे दिल की धड़कन रुक सी गई, बेवफाई के गीत आज फिर से गाने लगे। जिंदगी बदल गई तेरे जाने से, किस्मत के खेल से अब मैं भी अनजाने लगे। अब तू नहीं है यह मेरे दिल को बहुत भाया, तेरी बेवफाई के रंग अजीब है