Atul kumar Gupta 29 Mar 2024 शायरी प्यार-महोब्बत 47128 0 Hindi :: हिंदी
तेरी याद......1
तेरी यादों का वनवास हो गया हूँ..
न जाने तुम्हारे प्यार की लंका पर कब विजयी होऊंगा...
और शबरी का इंतज़ार हो गया हूँ..
न जाने मेरे प्यार के बैर कब मीठे होंगे....
की आहिल्या का श्राप हो गया हूँ...
न जाने तुम्हरे प्यार के राम कब आएंगे...
भरत की तपस्या सा हो गया हूँ....
न जाने तुम्हरा प्यार मेरे जीवन की अयोध्या में कब आएंगे.......!!
Atul.... ✍🏻