MKRana 30 Mar 2023 शायरी दुःखद 194414 0 Hindi :: हिंदी
सोच भी अपना क्या था
और क्या बन कर रह गया
अंदाज तो अपना हीरो वाला था
और जीरो बन कर रह गया
सोचा था कि क्या प्यार मिला
बहुत खुश था हर ग़म ख़ुशी था
हमे क्या मालूम यह ख़ुशी सज़ा भी होगा
आज सोचता हूं क्यों ऐसा जंजीर में आ गया