Bholenath sharma 23 Jul 2023 कविताएँ समाजिक यूँ मत कहना सब बाते 54519 0 Hindi :: हिंदी
कि कहना बहुत सरल है पर मन के भावो को समझो । क्या पीड़ा होगी उनके उर में यह पीड़ा अनुभव कर समझो । बहुत कठिन भी है बाते कहना क्योंकि उनके हदय को न भाती हो । क्या कहनी ऐसी बाते जो उन्हें न अच्छी भाती हो ।