Pooja 07 Dec 2024 कविताएँ अन्य Be positive 17827 0 Hindi :: हिंदी
वो कहते है, मंजिल बहुत दूर है तू थक जाएगा ,
मैं कहता हूं सफ़र बहुत खूबसूरत है बड़ा मज़ा आएगा।
वो कहते है , रास्ता बहुत लम्बा है तू अकेला कैसे जाएगा,
मैं कहता हूं, भीड़ से अलग चलने में ही तो मज़ा आएगा।।
वो कहते है, तू गिर जाएगा तो तुझे कौन उठाएगा,
मैं कहता हु, मेरे परिवार का चेहरा ही मुझमें फिर से उठने की हिम्मत लाएगा।।।
वो कहते हैं, मंजिल ना मिली तो तू टूट जाएगा,
मैं कहता हूं, फिर से कोशिश करने मे क्या जाएगा।।।
वो कहते है, मेरे वश में नहीं कुछ भी,
मैं कहता हूं, एक कदम बढ़ा कर तो देख, जीवन बहुत खूबसूरत हो जाएगा।।
वो कहते है, मंजिल बहुत दूर है तू थक जाएगा ,
मैं कहता हूं सफ़र बहुत खूबसूरत है बड़ा मज़ा आएगा।
वो कहते है , रास्ता बहुत लम्बा है तू अकेला कैसे जाएगा,
मैं कहता हूं, भीड़ से अलग चलने में ही तो मज़ा आएगा।।
वो कहते है, तू गिर जाएगा तो तुझे कौन उठाएगा,
मैं कहता हु, मेरे परिवार का चेहरा ही मुझमें फिर से उठने की हिम्मत लाएगा।।।
वो कहते हैं, मंजिल ना मिली तो तू टूट जाएगा,
मैं कहता हूं, फिर से कोशिश करने मे क्या जाएगा।।।
वो कहते है, मेरे वश में नहीं कुछ भी,
मैं कहता हूं, एक कदम बढ़ा कर तो देख, जीवन बहुत खूबसूरत हो जाएगा।।
वो कहते है और कहते रह गए, हमने अपनी मंजिल पा ली,
मुश्किलो से आगे बढ़कर हमने अपनी राह बना ली
मंजिल का सफर बहुत खुबसूरत था, क्योंकि हमारी मेहनत मे दम था। क्योंकि हमारी मेहनत मे दम था।।
पूजा कटारा
वो कहते है और कहते रह गए, हमने अपनी मंजिल पा ली,
मुश्किलो से आगे बढ़कर हमने अपनी राह बना ली
मंजिल का सफर बहुत खुबसूरत था, क्योंकि हमारी मेहनत मे दम था। क्योंकि हमारी मेहनत मे दम था।।
पूजा कटारा