Alok ks 27 Aug 2025 कविताएँ प्यार-महोब्बत Love, romantic, heart, breakup, प्रेम, प्यार, पीड़ा, दर्द 17170 0 Hindi :: हिंदी
ज़रूरी तो नहीं तुम, पर वो ख़्वाब हो तुम ये मेरे नाज़ुक सा दर्द का दावा हो तुम। ज़रूरी तो नहीं तुम, पर मेरी आंखो का, ये आईना हो तुम, जो साथ चले लम्हा सा सफर, वो मेरी हमसफर हो तुम, ज़रूरी तो नहीं हो तुम, पर, उस अक्स का मैं क्या करूं? जिसमे तेरा चेहरा न दिखे। उस धूप का मैं क्या करूं? जिसमे तेरा साया ना दिखे। माना कि ज़रूरी नहीं हो तुम, पर अकेलेपन अब सहन नही होता है, तेरे बिन ये जिंदगी अब जिया नहीं जाता है। ~आलोक के.एस