सुने,माशुमीयत के चर्चे,
दिल से नाखुश
और इस जहां में ढुंढता किसे........!
मेरी हर कोशिश नाकाम कर खुदा
में बैठा रहूं ।
बना के उसकी तस्वीरों क read more >>
तुझे भूल गई रे ......
यारा, मैं तो दीवानी
सोच के बैठी हूं।
तुझे भूल गए रे....
यारा ,मेरे मैं तो दीवानी
सोच के बैठे हूं ।
बाहें, तेरी बन गई थी मे read more >>
कभी हम भी.....
एक अजनबी इंसान से मिले थे।
दिल आज भी उसकी सर्दियां महसूस करता है ।
मोहब्बत तो एक मुकद्दर है.......
अपनी चाहत से यह लिखावट नहीं � read more >>