तकदीर लिखने वाले ने तो कोई कमी नही की |
अब लिखते समय हाथो से कलम ही टुट जाये तो
कोई क्या करे।
सफर में साथ तो सभी चलते है मगर हाथो से सनम क� read more >>
लाख इल्जाम लगा मगर ' वेवफा हम नही |
सजदे करते कदमो की धुल को तेरे हम ।
तेरा दीदार भी हमारे लिये कम नही ॥
हम तो मर कर भी तुझे चाहेगे इस खुदा read more >>
याद आया हम तुमसे , बहुत पहले मिले ,जिंदगी बन गए थे , बहुत पहले तेरे
तोड़ ना देना मेरे प्रेम का,
वह पुराना दिया,
जिसमें हम तुम जले थे,
एक स read more >>
तुम्हारा दे न पाया साथ खुल कर
चला हर बार मैं रस्ता बदल कर
मग़र मुझको लगी छोटी सी ठोकर
कहा तुमने, "मेरे यारा सम्भल कर"
मुझे शर्मिंदगी read more >>