Join Us:
दिशा-लाइव ग्रुप ने लॉन्च किया नया ब्रांड BizPry - लोकल से ग्लोबल तक 20 मई स्पेशल -इंटरनेट पर कविता कहानी और लेख लिखकर पैसे कमाएं - आपके लिए सबसे बढ़िया मौका साहित्य लाइव की वेबसाइट हुई और अधिक बेहतरीन और एडवांस साहित्य लाइव पर किसी भी तकनीकी सहयोग या अन्य समस्याओं के लिए सम्पर्क करें

दिल का टुकड़ा बेटा -जिसे देखकर एक नया एहसास हुआ part 2

Madhur garg 09 Oct 2024 कविताएँ अन्य 22981 0 Hindi :: हिंदी

आ ही गया वो दिन,
जब तुम दौड़ने लगे हो ।
पांव ठीक हो गए है,
अब तुम खेलने लगे हो ।
खुश होता है ये दिल,
जब तुम खिलखिलाते हो ।
याद करके उस दिन को,
आज भी मन रो जाता है ।
जब जब वो समय,
मेरे सपनो में आता है ।
अब तो बस यही ,
कामना है मैरी ।
तुम ठीक हो अभी,
तुम ठीक ही रहो सदा ।
तुम ठीक ही रहो सदा

मेरे बेटे को समर्पित  
तुम ठीक ही रहो सदा।

बेटा (ओम) 
बहुत बहुत प्यार आपको

Comments & Reviews

Post a comment

Login to post a comment!

Related Articles

शक्ति जब मिले इच्छाओं की, जो चाहें सो प्राप्त कर लें। आवश्यकताएं अनन्त को भी, एक हद तक प्राप्त कर लें। शक्ति जब मिले इच्छाओं की, असम्भ� read more >>
शक्ति जब मिले इच्छाओं की, जो चाहें सो हांसिल कर कर लें। आवश्यकताएं अनन्त को भी, एक हद तक प्राप्त कर लें। शक्ति जब मिले इच्छाओं की, आसमा read more >>
इच्छा शक्ति 🥀🥀 शक्ति जब मिले इच्छाओं की, जो चाहें सो हांसिल कर कर लें। आवश्यकताएं अनन्त को भी, एक हद तक प्राप्त कर लें। शक्ति जब मिल� read more >>
Join Us: