हम सभी एक ऐसे समाज में रह रहे हैं। जहाँ लडकियों के लिए हर कदम पर खतरा है। हमें हर कदम को सोच समझ कर उठाना होता है। हम कैसे बात करते है क� read more >>
एक नन्ही सी कली हूं,
मां तेरे आंचल में ही पली हूं,
सिर्फ एक इंसाफ के लिए चली हूं,
वह इंसान जो हक है हमारा ,
फिर क्यों ?
फिर क्यों ?
नोच दिय� read more >>
मत करो नारी पर जुल्म, स्वतंत्रता नारी का अधिकार ।
शायद ये सब भूल गए, है नारी से संसार।
इक रूप में नारी है माता, इक रूप में नारी धनदाता।
इ� read more >>
सांस की उलझी डोर है, मन भी हारा हुआ है;
होगा यही परिणाम अगर तो फिर अपना शान क्या हो?
हे ईश्वर! दे वो शक्ति-की ये जग वरदान सा हो।
अपने-अपनो � read more >>