वो दिन,, जो भूले न जा सके,,
जब हम स्कूल में पढ़ते थे उस स्कूली दौर में निब पैन का चलन जोरों पर था..!
तब कैमलिन की स्याही प्रायः हर घर में म� read more >>
*लकिरी पहेलियां*
*_कभी-कभी अनीश निकेतन की बालकनी में बैठ जाता हूं, और घंटो देखता रहता हूँ, अपने हाथों की हथेली की लकीरों को जो खिंची है। � read more >>
भगवान श्री राम को 14 वर्ष का वनवास हुआ तो उनकी पत्नी माँ सीता ने भी सहर्ष वनवास स्वीकार कर लिया।
परन्तु बचपन से ही बड़े भाई की सेवा मे रहन� read more >>
तू ही आरंभ है- तू ही अनंत है!
तू आदि है-
तुझ से पुरानी कोई चीज नहीं
तू नूतन है-
तुझ से नई कोई चीज नहीं
देखा ना-
अव्वल तुझसा,
तुझ से ऊंची क read more >>