Kumar Amit 30 Mar 2023 कविताएँ अन्य 39937 0 Hindi :: हिंदी
सूखी हुई टहनी पर किसने... ये सतरंगी फुल लगाया है! जिसने भी इसको लगाया, उसने बड़ा पुण्य कमाया है!! जब तक सूखी पड़ी थी इस जमीन में, तब तक इसका कोई अस्तित्व ना था! जब से लगा है इस टहनी पर, तब से बिखेर रहा है "खुशबू"!! इस "खुशबू" की सुगंध से ही तो... हम सब के अन्दर जोश भर आया है..!!!!