Join Us:
दिशा-लाइव ग्रुप ने लॉन्च किया नया ब्रांड BizPry - लोकल से ग्लोबल तक 20 मई स्पेशल -इंटरनेट पर कविता कहानी और लेख लिखकर पैसे कमाएं - आपके लिए सबसे बढ़िया मौका साहित्य लाइव की वेबसाइट हुई और अधिक बेहतरीन और एडवांस साहित्य लाइव पर किसी भी तकनीकी सहयोग या अन्य समस्याओं के लिए सम्पर्क करें

शरद काल

Ratan kirtaniya 27 May 2024 कविताएँ अन्य ठण्ड काल मेन फूलों के माध्यम से देश प्रेम का वर्णन किया गया 30848 0 Hindi :: हिंदी

निशा से चला -
सारें दिशाओं से चला ;
पाला लिऐ पवन ,
ठिठुर रहा रज़ाई -
सारी रात -
ठिठुर के रज़ाई में लूँ अंगड़ाई ।


जल्दी से उठो सूरज भाई -
रात भर जग -
ठिठुर कर  सोया है ,
हो गया भोर -
आग तापते वहाँ - वहाँ ;
आग जले जहाँ - जहाँ ,
काम सब छोड़कर -
वार्तालाप में जोड़कर ,
बेला बीताते सब -
भाई तू दमक - धमक से चमकेगा कब ,
हो गया भोर -
दुनिया को मत बना कामचोर ।

ठिठुरा रात भर -
रज़ाई से गहरा नाता है ,
रज़ाई को नही छोड़ना -
सोने को भाता है ,
उठा मैं ने जिस पल -
देखा नव पल्लव पल ,
डालियाँ - कलियाँ - पुष्प कोमल ;
पाला उस को संकट में डाला ,
आ गये हैं सब के अंत काल ,
भयावह है शरद काल ।


रहे नहीं पुष्पों में मुस्कान -
निकल रहे प्राण ;
बाप रे कितना ठंडा -
कैसी शरद काल ,
मैं ही अपना डालूँगा -
पुष्पों में प्राण ,
पुष्पों से जग को जगमगा दूँगा ,
काँटों से प्रेम अमृत सींच दूँगा ,
यही  हैं अभिलाषा हमारा -
पुष्पों से चमके जग सारा ।

पुष्पों की कोमल पंखुड़ियों में -
मैं अपना उर की कविता लिख दूँगा ;
खिले पुष्पों की सुगंधित में -
तुकांत में छंद में ;
होगा लिखा कविता हमारा ।


पुष्पों ने हँस के बोली -
उर में छिपी अभिलाषा खोली ,
चाहे जितनी भी हो सुरबाला -
ना बनूँ गूँथ के उसकी माला ;
भले हो आशिकों की जोड़ी ,
हो कितनी भी प्यारी -
हे प्रेम प्रिया !
ना बनूँ इज़हार की जरिया ,
भारत माता के लिए -
गये प्राण जिनके -
चरणों को पूजू हँस के ,
गले में चढ़ूँ बन के माला ;
डालों से तोड़ लेना -
वीर शहीदों के सजदा के लिए ;
डाल से टूट के -
भले चले जाये मेरा प्राण ।

रतन किर्तनिया
   पखांजूर
जिला :- कांकेर
  छत्तीसगढ़

Comments & Reviews

Post a comment

Login to post a comment!

Related Articles

शक्ति जब मिले इच्छाओं की, जो चाहें सो प्राप्त कर लें। आवश्यकताएं अनन्त को भी, एक हद तक प्राप्त कर लें। शक्ति जब मिले इच्छाओं की, असम्भ� read more >>
शक्ति जब मिले इच्छाओं की, जो चाहें सो हांसिल कर कर लें। आवश्यकताएं अनन्त को भी, एक हद तक प्राप्त कर लें। शक्ति जब मिले इच्छाओं की, आसमा read more >>
इच्छा शक्ति 🥀🥀 शक्ति जब मिले इच्छाओं की, जो चाहें सो हांसिल कर कर लें। आवश्यकताएं अनन्त को भी, एक हद तक प्राप्त कर लें। शक्ति जब मिल� read more >>
Join Us: