MKRana 30 Mar 2023 कविताएँ बाल-साहित्य 49528 0 Hindi :: हिंदी
कास नींद ओ आती
मां मां ओ मां आपके कंधों पे सोने वाली
कास नींद ओ आती
कंधा से उठाकर जब तू खाट पर सुलाती थी
कास नींद ओ आती
ना मन को खाट भाता था ना कोई पालकी
कास नींद ओ आती
सरसो तेल लगाने को मुझे थप्पड़ लगती थी
कास नींद ओ आती
मैं रो रो कर उठ जाता था कहती थी हो गया
कास नींद ओ आती
आज बड़ा जब हो गया थक हार के सो गया
कास नींद ओ आती
जो आपके कंधों पे आती थी मां मां ओ मां