Rakshi 15 Feb 2025 कविताएँ समाजिक 25700 0 Hindi :: हिंदी
जरूरी तो नहीं दूसरों की मिसालें देना जरूरी तो नहीं जब आप खुद दूसरों के लिए मिसाल हो तस्वीरें जहन में उतारना जरूरी तो नहीं जब आप खुद एक उम्दा तस्वीर हो जाहिलो से बहस करना जरूरी तो नहीं जब आप एक उस्ताद उल उस्ताद हो चेहरे को तराशना जरूरी तो नहीं जब आप खुद एक बुलंद किरदार हो दूसरों में कमियां निकलना जरूरी तो नहीं जब आप खुद एक मुकम्मल इंसान हो नाउम्मीदी जरूरी तो नहीं जब आपकी उम्मीदों पर सब हैरान हो Rukhsar parveen