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जिम्मेदार बन

Avnish Dutt 01 May 2026 कविताएँ अन्य Zimmedari , zimmedari ka ehsaas, motivational kavita, poem for resposibilty 5597 1 5 Hindi :: हिंदी

जिम्मेदार बन

जब तू अश्रु बहाना चाहे,
रोक लेना उसे, कंही बाहर ना आ जाए,
अंतरात्मा को अपनी तुझे,  
उस अश्रु बिंदू से ही स्वच्छ करना होगा,
तुझे जिम्मेदार बनना होगा।

यहाँ-वहाँ क्यों देखना है तुझे,
स्वयं को ही तो खोजना है मुझे।
जिसके पास हर सवाल का जवाब होता है,
उसे ज़िम्मेदारी का नहीं एहसास होता है।

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Avnish Dutt
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1 month ago

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