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बात सत्य है पर कड़वी हैं :- जातिवाद क्यों by Arjun Sharma (pandit4517_)

Official Arjun Panchariya 30 Mar 2023 कहानियाँ राजनितिक Pandit4517_ 46547 0 Hindi :: हिंदी

जातिवाद पर एक छोटी सी कहानी,


पढ़ने के बाद आप ते करे की जातिवाद करे या न करे।

कहानी को शुरू करने से पहले में आपको अपना परिचय देना चाहता हूं।

मेरा नाम हैं अर्जुन शर्मा और में एक लेखक हु जो आपके सामने रोजाना कोई न कोई कहानी लाता हूं 

मेरी गूगल पर बहुत सी कहानियां प्रकाशित है ।उनको जरूर पढ़े।

गूगल सर्च:- pandit4517_

कहानी को शुरू करने से पहले में आपसे तीन प्रश्न पुछुगा

1 क्या हमे जातिवाद करना चाहिए?

2 संविधान में जातिवाद से संबंधित क्या है ?

हमे संविधान द्वारा यह बताया गया है कि व्यक्ति को जातिवाद नहीं करना चाहिए तथा समानता लानी चाहिए , समान व्यवहार करना चाहिए।

एक बात ध्यान से पढ़ें  की सबसे ज्यादा था जातिवाद सरकार फैलाते हैं ,

कैसे ? मैं आपको बताता हूं क्योंकि जितने भी वर्ग है जनरल, ओबीसी, एससी, एसटी यह सब जाति के ही वर्ग हैं आरक्षण तो इन सब वर्गो के माध्यम से दिया जाता है।

इसका मतलब क्या हुआ?

इसका मतलब यह हुआ कि सरकार हमे कहती है की जातिवाद मत करो , अगर जातिवाद करोगे तो यह धारा आप पर लागू होगी।

इनको यह नहीं पता कि सबसे ज्यादा जातिवाद हम खुद करते हैं।

अगर यही बात इनके आगे आ जाती है तो यह कहते हैं कि तो यह कहते हैं कि यह निचली जाती है इनको बराबर लाने के लिए आरक्षण दे रहे।

तो भाई आप यह तो ठीक हैं कि आप इन्हें बराबर ला रहे हो मगर इन को गौर से देखो यह जातिवाद के नाम पर बराबर से ऊपर जा रहे हैं

 पर यह तो ठीक है कि आपने कुछ आरक्षण देकर बराबर ला सकते हो पर हर जगह ही भेदभाव आप कह रहे हो कि भेदभाव नहीं है तो कोई भी आरक्षण लेने से पहले जाति क्यों पूछी जाती है जाति के बजाय अमीरी गरीबी का  क्यों नहीं पूछी जाती हैं।


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