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Sarpanchpati becoming an obstacle in women's politics Women leaders are more likely to be influenced by family members after running for election and winning; Most of the work is handled by the male members of the family. Seemingly the women won the election but are being indirectly controlled by the male members. The male members handled the ma read more >>
*पृथ्वी की रक्षा एक दिवास्वप्न नहीं बल्कि एक वास्तविकता होनी चाहिए।* मनुष्य के रूप में, यह हमारा मूल कर्तव्य है कि हम उस ग्रह की देखभ� read more >>
महिलाओं की राजनीति में बाधा बनते सरपंचपति चुनाव में खड़े होने और जीतने के बाद महिला प्रधानों के परिवार के सदस्यों से प्रभावित होने � read more >>
*चीन से आगे होंगे तो आगे सोचना भी होगा।* बता दें कि संयुक्त राष्ट्र की ताजा रिपोर्ट के अनुसार 19 अप्रैल को 142।86 करोड़ की आबादी के साथ भ read more >>
रात आती है बथ कर जाते सम भट थक गया हूँ पर आराम देबे को आ जात है बठ , रात नवठ आती है समझ वठ वो नही भी आ जात खैर थोडा भिग जाओ बोल भती है , रात आ� read more >>
अपनी मंजिल से कहां अपनी मंजिल तक चले हम हैं? जिंदगी की हवाओं का रुख जिस तरफ मुड़ जाता है शायद उस तरफ से मुड़ गए हम हैं मंजिल कहीं पीछे read more >>
शीर्षक---- सुनो सखी विद्या ,,,,गीत सुनो !सखी ?जब समय खराब होता है, तो सबसे पहले अपने ही रंग बदलते हैं' दिखलाते हैं कई रंग अजीब! तुम्हारे जीव� read more >>
औकात अगर , तलवारो की होती । तो ये , यों म्यानों मे नही रहती । ये आबरू है। चंद योद्धाओं की , ये मुट्ठी मे रहकर, उनकी उनकी यशो कीर्ति बढात� read more >>
देश में बढ़ते अपराध =)आए दिन हम  न्यूज़ रिपोर्ट देखते और पढ़ते है। कि किस कदर हमारे देश में अपराध बढ़ते जा रहे है। कोई भी व्यक्ति आज के स� read more >>
बदलते ऋतू चक्र हे कधी पाऊस कधी गारवा चहूकडे कधी ऊनाची झळ तेज पडे बेभान ऋतू चक्र मनाला न कळे... आज ऋतू चां हा एकत्रितपणा बेधुंद गारवा क� read more >>
(सचिन कुमार सोनकर) सूनी है सड़के और गालियाँ भी सुनसान है। चारो तरफ फैला है , सन्नाटा नही दिख रहा कोई इन्सान है। ना ही किसी के पैरों के नि� read more >>
"माप" "नाप रहे हो मेरे ज़िस्म के हर एक कोने को अपने हाथों के माप से क्या ढूँढ रहे हो पुराने इश्क को इस जिस्म के read more >>
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