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आदमी की औकात... एक माचिस की तिल्ली, एक घी का लोटा, लकड़ियों के ढेर पे, कुछ घण्टे में राख..... बस इतनी-सी है, आदमी की औकात !!!! एक बूढ़ा बाप शा read more >>
नज़्म तुझे कैसे अलग ख़ुद से करूँ मै, तुझे जब खींचता हुँ ख़ुद से बाहर, खिंचा आता हूँ मै भी साथ तेरे, अजब सा जिस्म मेरा हो गया है, है जिसम read more >>
आखिर वहां जाकर क्या कहोगे ,,,,,, ,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,, हर इक सामान लौटाना पड़ेगा, यहीं सब छोड़ कर जाना पड़ेगा, यहाँ झूठी गवाही लाख � read more >>
सफाई मत देना 🥺🥺 एक शर्त पर मुझे निमन्त्रण है मधुरे स्वीकार, सफ़ाई मत देना! अगर करो झूठा ही चाहे, करना दो पल प्यार, सफ़ाई मत देना अग� read more >>
😘 एक शयानी रात 😘 इक सिसकती रात बोली, मुझमें क्यूँ काला दाग है बाहर से ठंढी बहुत हूँ पर, दिल में आग ही आग है टूटकर बिखरने वाले सदा मु� read more >>
दीप जलाकर अंधेरा भगायेंगे, गम के जो हैं साये उनको थोड़ा हटाकर रोशनी जलायेंगे , काजल की कोठरी में दीपक की बाती से उजाला लायेंगे, हर किसी read more >>
मेरे मन का पंछी राधेश्याम गाये, हरियल दिल का तोता राधेश्याम नाम गुनगुनाये,कण-कण में मेरे राधेश्याम समाये। जय श्री राधे कृष्णा read more >>
बालश्रम बचपन को लूटते देखा है , सपनों को टूटते देखा है, अपने इन्हीं आँखों से मैंने , नन्हे जान को पीटते देखा है! भूखा पेट ,तरसती आँखें read more >>
तुम रूठी तो मैंने रोकर, कोई गीत नहीं लिखा, इस ग़म में दीवाना होकर, कोई गीत नहीं लिखा! तुम जब मेरे संग थी तब तक नज़्में-ग़ज़लें ख़ूब कह read more >>
माँ की दवाई का खर्चा, उसे मज़बूरी लगता है उसे सिगरेट का धुंआ, जरुरी लगता है || फिजूल में रबड़ता , दोस्तों के साथ इधर-उधर बगल के कमरे में, � read more >>
प्रश्न एक बस करने पर ही, हो जाती है संसद मौन। अर्थव्यवस्था सारी काली, काले धन पर बोले कौन। बंटाधार हुआ जाता है, कौन पढ़ेगा ये भूगोल। हु� read more >>
मावस की काली रातों में दिल का दरवाजा खुलता है, जब दर्द की काली रातों में गम आंसू के संग घुलता है, जब पिछवाड़े के कमरे में हम निपट अकेले ह read more >>
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