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रुठे - रुठे आखिर क्यों हो -----💐 मेरे बाँहों में हो के ---2 और के ख़्याल में क्यों हो -----💐 क्या दस्तूर ने रोका है ----💐 प्यार मेरे लिए पूजा है ----2 प� read more >>
मद में मद मिला के पी गया ---💐 तेरे आशिक तेरे गम में पी के जी गया ---2 सुना यारों से ----💐 मद दिल के जख़्म को भर देता है ----💐 फरेब , है हरज़ाई ---2 आग बुझ read more >>
मैं खामोश बैठू कब - तक ---💐 आखिर छुपा के रखूँ कब - तक ---2 प्यार छुपाने से नहीं छुपता ---💐 आग की दरिया - तूफाँ से ----2 आशिक नहीं रुकता ----💐 चाह में ह read more >>
साहित्य लाइव एवं साहित्य लाइव के सभी पाठकों एवं लेखकों को मेरी ओर से नव वर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं... आप सभी का यह साल बहुत ही खुशियों भ� read more >>
चाह की गुलशन में गुल खिला ----💐 ख्वाहिश , तमन्ना , अरमान , आरजू ----2 सब खिला हैं ----💐 नादान दिल समझ ना पाया ----💐 गुलशन में होते गुल - बाबुल ---2 तुझ� read more >>
जख़्म ऐ दिल हो के फना ---💐 तेरे नाम से लिख डाला फसाना ----💐 अश्कों से सब लिखा था ---2 देख लो पढ़ना नामुमकिन ---💐 लिखावट मिट चुका ---2 अश्कों से भीग क read more >>
अगर झुकने से बनता है रिश्ता ---2 तो मैं झुक जाता --//💐 झुक के तेरे दिल में ----2 प्यार कैसे मैं बोता ----💐 ऐ सावन की झड़ी ना होता ----💐 जितने बार झुका read more >>
हाथ में कलम कागज ----2 ले कर कोई शायर बैठा था थम के ---💐 शुरू कहाँ से करुँ ------💐 किसे छोड़ू किसे जोड़ू ----2 टूटा दिल बिखरा था समेट कर कैसे जोड़ू है read more >>
आज भी तेरे यादों में ----2 धड़कता है दिल ----💐 कभी ठहरता तो कभी उठता मौज ----2 नासूर बन गया साहिल का दिल ।।--💐 read more >>
लाख कोशिशों के बवजूद ---2 तुझे भूला ना सका दिल -----💐 तुम रुठ के छोड़ गये -----2 फिर लौट के आओंगे -----💐 बैठा मुन्तज़िर मेरा दिल -----💐 read more >>
तेरे यादों में आँखें रोये ------2 इस कदर ----💐 धुँधला सा गया नज़र --2 कहकशाँ नहीं आता नज़र ----💐 read more >>
है दिप्त आस्मां दबा रखा, चाहत के दिप उज्जियारों को! देती ही रही भारती अभिनंदन, भारत के न्यारें - प्यारों को!! है समां बांध कर read more >>
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