तेरी बाहों ,में सोने कि चाहत ने,
मुझे ,
सरहद, का सिपाही बना दिया ।
उस मिट्टी के लिए ,
मै मिट्टी हो गया,
जिस,
मिट्टी को तुम अपनी 'माँ' कहते ह read more >>
एक वक्त, बहुत जरुरत थी ।
हमें ,उनकी
पर । वो भी
तमाशाबीन,
लोगों मै शामिल हो गए ।
समझाते ,
भी तो केसै किसी को भला ,यकीनन
दिल का दर्द ,भी तो ब read more >>
तारिफ करने का अन्दाज़ देखिए ।
उनका
जख्म नजरों के,
ज़ालिम
राज "दिल के दिल मे रह जाते है।
कुछ, कहे हम ,के
वो दोस्त ,
किसी ओर के बन जाते ह read more >>
वो स्त्री है उसे पढ़ने दो, उसे बढ़ने दो.......
न मारो तुम कोख में उसे
वो स्त्री है. . . . . . . . . . . . .
शिक्षा का पाठ पढ़ने से रोको ना उसे को� read more >>