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आज उसकी याद आ गयी और मैं उन बचपन के हसीन लम्हों में खो गया. वो थी ही इतनी खूबसूरत की उसे कोई एक बार देख ले तो जिंदगी भर के लिए उसका दीवाना ह read more >>
रघु एक बहुत ही मेहनती मजदूर था. 5 साल की उम्र में माँ गुजर गयी और 10 साल की उम्र में बाप अनाथ कर गया. उसके बाद रघु का कोई सहारा ना था. उसे 2 वक़� read more >>
वर्षा अपनी सहपाठी अंजली के साथ मेडिकल कॉलेज के हॉस्टल में रहती थी और साथ में ही पढ़ाई किया करती थी. रात को दोनों का खाना बनाने का विचार � read more >>
वफादारी के बारे में सभी जानते हैं कि वफादारी क्या चीज़ है. लेकिन फिर भी बता देना चाहता हूँ कि वफादारी वो हुनर है जिससे दुनिया जीती जा सक read more >>
सतीश बचपन से बहुत सीधा लड़का था. माँ - बाप के संस्कार उसके व्यवहार और व्यक्तित्व मे झलकते थे. उसे सिखाया गया था कि हमें कभी किसी से झूठ नह read more >>
ये कहानी उस लड़के की है जिसे अपनी ज़िन्दगी में भविष्य का डर हुआ था. शीर्षक से तो आप सभी असमंजस मे होंगे कि भविष्य का डर से लेखक का क्या अभ read more >>
कहानी के शीर्षक से स्पष्ट नहीं हो रहा होगा कि नाश्ता और पानी पर कैसी कहानी होगी लेकिन है बहुत ही रोमांचक कहानी. कहानी से पहले नाश्ता- पा read more >>
आफताब एक होनहार 16 साल का लड़का जो कि 12 वीं की पढ़ाई कर के अपनी बुआ के घर छुट्टियां बिताने गया हुआ था. अप्रैल का महीना था. गर्मी अपने चरम पर read more >>
ये कहानी है प्यार के बलिदान की. दो प्यार करने वाले पंछी अपने माँ-बाप के लिए अपने प्यार को बलि चढ़ा देते हैं. अपने प्यार को अपने दिल में दफ read more >>
वो जब पैदा हुई थी तो उसके पिता ने मिठाई बांटी थी. एक मैकेनिक के घर नन्ही परी ने जन्म लिया था. माँ की लाडली और पिता की दुलारी लाड-प्यार में � read more >>
यह कहानी उन दो लड़कों की है जिन्हें सब टपोरी कहा करते थे. जिनका नाम था आफताब और फैजान. दोनों को लोग टपोरी इसलिए कहते थे क्योंकि उनके ऐसे read more >>
रूपेश हमेशा किसी असमंजस में रहता था. उसकी पत्नी सुलेखा उसकी असमंजस को समझ नहीं पाती थी. पूछने पर ना बताना रूपेश की एक बुरी आदत थी. सुलेख� read more >>
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