[email protected]
Join Us:
Home
Category
कहानियाँ
कविताएँ
ग़ज़ल
गीत
शायरी
आलेख
महत्वपूर्ण सूचनाएँ
Topic
धार्मिक
राजनितिक
प्यार-महोब्बत
हास्य-व्यंग
बाल-साहित्य
समाजिक
देश-प्रेम
दुःखद
साहित्य लाइव सूचनाएँ
अन्य
Videos
Others
Search Articles
Latest Updates
Popular Articles
Testimonials
Video Tutorials
Winner List
How to publish articles
My Account
Login
Register New Account
Forgot Password
Login
दिशा-लाइव ग्रुप ने लॉन्च किया नया ब्रांड BizPry - लोकल से ग्लोबल तक
20 मई स्पेशल -इंटरनेट पर कविता कहानी और लेख लिखकर पैसे कमाएं - आपके लिए सबसे बढ़िया मौका
साहित्य लाइव की वेबसाइट हुई और अधिक बेहतरीन और एडवांस
साहित्य लाइव पर किसी भी तकनीकी सहयोग या अन्य समस्याओं के लिए सम्पर्क करें
प्यार-महोब्बत
Home
Sub-Categories
प्यार-महोब्बत
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
मेरे बर्बादी का पहला कातिल मोहब्बत है और दूसरा जालिम मेरे अपने ही यार है जो साथ में तो रहता है लेकिन दिखाई नहीं देता।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
इज्जत तो उन्हें चाहिए जिसे विरासत में मिली है,लेकिन हमे विरासत में नही हमने खुद बनाई है।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
कल जो लोग मेरी लेबाश देख कर इज्जत करते थे,आज बही लोग मेरे लंगे पन को फैशन समझ रहे है।"मोहर्रम?
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
तुम्हारा केरेक्टर ही तुम्हें अच्छा इंसान बनाएगा,क्योंकि दुनिया भरी पड़ी है बुराई करने वाले को देख लो।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
सब अपना अपना चांदी चमकाना चाहते है कोई तलबा चाटकर कोई झूठ बोलकर लेकिन उपर उठना अपने दम पर नही तलवे चाट कर जाना चाहते है।
read more >>
तुम्हारे चित्त मे छल बसा है
तुम्हारे चित्त मे छल बसा है ,मगर मुझे यकीं नही है | हर सांस तेरी मेरी दिल की धड़कन,मगर तुम्हें यह पता नहीं है || तुम्हारे चित्त मे छल बसा है
read more >>
क्या कहूं
दिल चाहता है गुजरे पलों को याद किया ही न जाए पर न जाने क्यों उन पलों को याद किए बिना जिंदगी जिया ही न जाए शायद दुनिया की भीड़ भाड़ स�
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
बीच रह में छोड़ कर चले जाते हैं लोग यह कह कर की अब तुम्हारी जरूरत नही।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
अपना पन दिखा कर लूटने वाले अपने ही लोग होते है शाहब।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
पैसे ने हो सब को आमिर गरीब का लेबल लगा दिया है शाहब,बरना तुम भी इंसान और हम भी इंसान थे।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
अगर इंतजार करने से ही सब कुछ मिल जाता तो मोहब्बत करने वाले की ही बादशाहत होती। क्योंकि जेतना इंतजार मोहब्बत करने वाले करते है उतना इं
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
तुम लेबाश की बात करते हो शाहब आज मैं लंगा भी हो जाऊ तो लोग मेरी तमाशा नही बनाएंगे,क्योंकि आज लोग मेरा तमाशा दे खेंगें लेबाश नही।
read more >>
« Previous
Next »
Showing
3217
to
3228
of
4432
results
‹
1
2
...
266
267
268
269
270
271
272
...
369
370
›
Join Us:
© 2026 |
Sahity Live
®
| All Right Reserved.
A product of
DishaLive™ Group
| Digital Partner:
MyDL.in Website Builder