Trilok Chand Jain 30 Mar 2023 कविताएँ अन्य New Year 48671 0 Hindi :: हिंदी
कुछ संकल्प नया, कुछ प्रकल्प नया तब अफसोस न होगा कि एक साल गया बीते साल कि कुछ गलतियां, या कुछ गलतफहमियां भुला दूं भीतर में जमीं वहमियां, महसूस की जो कमियां अब छोड़ जाना है, नया प्रभात लाना है कुछ कर गुजर जाना है, नया इतिहास बनाना है नये साल में सत्य की कलम रहेगी साथ मेरे कारण नहीं पहुंचे किसी को आघात सर ऊंचा ही रहे ईमान से मेरा निष्कामता भी जमा ले अपना डेरा हर कदम आगे बढ़े, विगत की खूबसूरत यादें हो हकीकत में जियें, पूरे हमारे वादे हों संस्कारों को हम रग-रग में रमाएं हर दिन की कुछ अच्छी यादें बसाएं दो हजार बावीस में हर काम करूं इक्कीस इस तरह संकल्पपूर्वक नया साल मनाएं
Working Editor of Swadhyay Shiksha Magazine. Jainism teacher. Running Ph.D in Jain Jeevan Paddhat...