Tanvi saini 30 Mar 2023 कविताएँ देश-प्रेम Best poem 142737 0 Hindi :: हिंदी
माँ
जब चलते चलते मेरे पाँव थक जाते है
जब लापरवाही से मेरे घाव पक जाते है
बह जाते है अपने सब
ढह जाते है सपने जब
जब दिल के समंदर में भीषण बाढ़ आती हैं
सच बताऊं दोस्तों तब माँ बहुत याद आती हैं