तिज़ारत की तो,
क्या ख़ुदा को रखा सारिफ़ और ख़ुद के बीच में?
मोहब्बत की तो,
क्या ख़ुदा को रखा महबूब और ख़ुद के बीच में?
हुक़ूमत की तो,
क्या ख़ुदा को read more >>
गलतिया किसी ओर की
और.. सजा हमे मिली ,
देख मेरी दशा को..
✒️कलम मेरी भी 🥺 रो पड़ी,
रोते-रोते कहने लगीं...
क्यों करती हो भरोसा सब पर,
ये 🪩 दु� read more >>