चल रहा हु रास्ते से अनजान हूँ,
लिख रहा हु हर लफ्ज से अनजान हूँ,
कुछ बात होगी मेरे जीने मे
जी रहा हूँ पर दर्द से अनजान हूँ,
एक मोड़ आया जिं� read more >>
आखिर वहां जाकर क्या कहोगे ,,,,,,
,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,
हर इक सामान लौटाना पड़ेगा,
यहीं सब छोड़ कर जाना पड़ेगा,
यहाँ झूठी गवाही लाख � read more >>
मन में बसा है ,
मन में बसा है, हर एक के मन में बसा है वो भगवान
जो सब में छिपा हुआ है वो मनोबल पर किसी को नजर नहीं आता।
किस कलियुग में जी रह� read more >>