बड़े बुजुर्ग - सरोज कसवां

बड़े बुजुर्ग     सरोज कसवां     शायरी     समाजिक     2022-05-24 23:16:38         242874           

बड़े बुजुर्ग

◉‿◉बड़े बुजुर्ग कहते है ##गरीब व्यक्ति की हाय ओर ##दोगले व्यक्ति की राय कभी नहीं लेनी चाहिए◉‿◉

Related Articles

यूं नफरत ना फैलाओ ।
Shakuntala Sharma
मे इंसान हु, मुझे खुदा ना बनाओ लोगो । प्यार ही दिलो में रखो नफरत ना फैलाओ लोगो ॥ जिन्दगी मिलती है एक बार जीने के लिये
32140
Date:
24-05-2022
Time:
22:56
क्या तुमने कुछ कहा
Ajeet
पहाड़ों से बहते नंगे पाँव झरनों की धारा धरा में फेलकर पोधों की कमलियों से सुनाती विस्मृत कहानी, क्या तुमने कुछ क
279
Date:
24-05-2022
Time:
23:27
तकदीर
Shakuntala Sharma
तकदीर लिखने वाले ने तो कोई कमी नही की | अब लिखते समय हाथो से कलम ही टुट जाये तो कोई क्या करे। सफर में साथ तो सभी चलते
15734
Date:
24-05-2022
Time:
22:59
Please login your account to post comment here!