भूल जाओ - पूनम मिश्रा

भूल जाओ     पूनम मिश्रा     गीत     समाजिक     2021-09-26 14:41:20     बीती हुई बातों को भूलने के लिए अपने मन को समझाना     28257     5.0/5 (2)    
भूल जाओ

भूल जाओ बीत गई बातें 
बीत जाते हैं जैसे दिन और रातें ,
बहुत मुश्किल है ,
पुरानी बातों को भूलना ,
दर्द से भरे उन दिन रातों को भूलना,
 कुछ एहसास ,
कुछ जख्मों को ,
आंसुओं से जोड़ना ,
मन न जाने कितने सवाल करता है ,
भूल जाओ बीती हुई बातें ,
बीत जाता है जैसे दिन और रातें,
 मन व्याकुल होकर,
 कुछ शब्द कहेगा ,
हम तो कुछ कहेंगे,
 पर अर्थ कुछ और कहेगा ,
होठों पर जब सच आएगा,
 दिल में तब तूफान उठेगा ,
आंखों से फिर ,
तब बरसात उठेगी ,
मत करो आंखों से बरसात ,
भूल जाओ बीती हुई बातें ,
भूल जाते हैं जैसे हम ,
हर दिन रातें

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पूनम मिश्रा     rated 5     on 2021-09-11 23:01:58
 Thanks
सूर्यवंशी प्रदीप मौर्य     rated 5     on 2021-09-11 19:06:42
 

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